एक से अधिक जगह नाम होने पर सिर्फ एक स्थान का रहेगा मताधिकार
नोटिस मिलने पर न घबराएं मतदाता, एसआईआर भरे स्थान से नाम रहेगा सुरक्षित
गोरखपुर। निर्वाचन आयोग के निर्देश पर चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान के अंतर्गत लगभग 2 लाख 83 हजार परिवारों को नोटिस जारी किए गए हैं। ये नोटिस उन मतदाताओं को भेजे गए हैं, जो अपने पुराने पते से कहीं और स्थानांतरित हो चुके हैं या जिनके नाम एक से अधिक स्थानों की मतदाता सूची में दर्ज पाए गए हैं। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य मतदाता सूची को त्रुटिरहित, पारदर्शी और अद्यतन बनाना है, ताकि भविष्य में चुनाव प्रक्रिया सुचारु रूप से संपन्न हो सके।
प्रशासन की ओर से यह स्पष्ट किया गया है कि जिन मतदाताओं के नाम दो या उससे अधिक स्थानों पर दर्ज हैं, उन्हें केवल एक ही स्थान का वैध मतदाता माना जाएगा। यदि किसी मतदाता ने एक स्थान से एसआईआर का फॉर्म भर दिया है और दूसरे स्थान से उसे नोटिस प्राप्त हुआ है, तो वह नोटिस का जवाब दे सकता है। हालांकि, यदि नोटिस का जवाब नहीं भी दिया जाता, तब भी मतदाता का नाम उसी स्थान की मतदाता सूची में सुरक्षित रहेगा, जहां से एसआईआर का फॉर्म भरा गया है, जबकि अन्य स्थानों से नाम हटा दिया जाएगा। ऐसे में मतदाताओं को किसी प्रकार की घबराहट या भ्रम में पड़ने की आवश्यकता नहीं है।
मतदाताओं की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए प्रशासन ने तहसील सभागार में विशेष व्यवस्था की है। यहां नियुक्त पीठासीन अधिकारी और संबंधित विभागीय अधिकारी मौके पर ही मतदाताओं की शिकायतों और शंकाओं का समाधान कर रहे हैं। तहसील सदर सभागार में पीठासीन अधिकारी/एसीएम प्रशांत वर्मा, डिप्टी कलेक्टर/तहसीलदार सदर ज्ञान प्रताप सिंह, नायब तहसीलदार अरविंद नाथ सिंह, देवेंद्र यादव, आकांक्षा पासवान, भागीरथी सिंह तथा सीओ चकबंदी सुनील सिंह सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहकर मतदाताओं को आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान कर रहे हैं।
अधिकारियों ने बताया कि कई मामलों में ऐसा भी सामने आया है, जहां बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) की त्रुटि के कारण किसी मतदाता का नाम गलती से मतदाता सूची से कट गया है। ऐसे मतदाताओं को परेशान होने की जरूरत नहीं है। वे फॉर्म-6 भरकर अपना नाम दोबारा मतदाता सूची में शामिल करा सकते हैं। इसके लिए तहसील सभागार में सहायता काउंटर बनाए गए हैं, जहां सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी कराई जा रही हैं।
इस संबंध में एसडीएम सदर दीपक गुप्ता ने बताया कि सदर तहसील क्षेत्र के अंतर्गत किसी भी मतदाता को भयभीत होने की आवश्यकता नहीं है। नोटिस प्राप्त करने वाले मतदाताओं की समस्याओं का समाधान तहसील सभागार में नियुक्त पीठासीन अधिकारियों द्वारा तत्काल किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यदि कोई मतदाता पहले दो स्थानों पर पंजीकृत था और उसने एक स्थान से एसआईआर भर दिया है, तो दूसरी जगह से आए नोटिस का जवाब वह स्वयं या अपने किसी पारिवारिक सदस्य के माध्यम से भी दे सकता है।
एसडीएम ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि नोटिस का जवाब नहीं दिया जाता है, तब भी मतदाता का नाम पूरी तरह से नहीं कटेगा, बल्कि केवल एक स्थान से नाम हटेगा और जहां से एसआईआर का फॉर्म भरा गया है, वहां नाम सुरक्षित रहेगा। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी समस्या की स्थिति में सीधे तहसील सभागार पहुंचकर संबंधित अधिकारियों से संपर्क करें। एसआईआर अभियान का उद्देश्य मतदाताओं को परेशान करना नहीं, बल्कि एक सटीक, भरोसेमंद और अद्यतन मतदाता सूची तैयार करना है, जिससे लोकतांत्रिक व्यवस्था को और अधिक सशक्त बनाया जा सके।

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